चन्दर बोला, हिन्दुस्तान में तो गुलामी कितने दिनों से कायम है तो क्या वह भी जरूरी है।"
'बिल्कुल जरुरी है। डॉ. शुक्ला बोले, 'मुझे भी हिन्दुस्तान पर गर्व है। मैंने कभी कांग्रेस का काम किया, लेकिन मैं इस नतीजे पर पहुंचा हूँ कि जरा-सी आजादी अगर मिलती है हिन्दुस्तानियों को, तो वे उसका भरपूर दुरुपयोग करने से बाज नहीं आते और कभी भी ये लोग अच्छे शासक नहीं निकलेंगे।"-
Saket Bihari
0 Followers · 2 Following
Joined 12 March 2023
21 JUN AT 21:29
2 JUN AT 21:16
कृषक समाज में बच्चों का पढ़ जाना एक वीभत्स घटना है।
ग्रामीण समाज में मां बाप के लिए त्योहारों के इंतजार से कही ज्यादा इंतजार होता है अपने बच्चों को लौटने का।वह इन्हीं त्योहार की आश में अपने बच्चों से पूछ बैठते है, "कब आना है?" "कब अयबअ?" क्योंकि उन्हें उम्मीद होती है उन त्योहारों के बहाने, बच्चों को लौट आने की। लेकिन, बच्चों को लौटने से पहले झुर्रियां शायद ज्यादा जल्दी में होती हैं। और मैने बच्चों से लौटने से पहले झुर्रियों को लौटते देखा है।शायद वह झुर्रियां इस बात की ओर इशारा कर रही होती हैं कि आपकी उम्मीदों का दौर बहुत लंबा रहा।
क्योंकि कृषक समाज में बच्चें लौट कर नहीं आतें।-