लाज्मी तो नही था हम से युं उन्का निगाहों को चुराना!
फिर सोचा उन्की निगाहों को अब कोई और भाने लगा है.
हेमांगी— % &-
31 JAN 2022 AT 13:39
लाज्मी तो नही था हम से युं उन्का निगाहों को चुराना!
फिर सोचा उन्की निगाहों को अब कोई और भाने लगा है.
हेमांगी— % &-