एक जंगल में एक मगरमच्छ और एक हिरण रहते थे। एक दिन, मगरमच्छ ने हिरण को पकड़ लिया। हिरण डरकर बोला, "कृपया मुझे छोड़ दो, मैं तुम्हारा भला करूँगा।"
मगरमच्छ ने हंसते हुए कहा, "तू मुझे खाना चाहता है, लेकिन मैं तुझे बचाऊंगा।"
उसने हिरण को छोड़ दिया। हिरण धन्यवाद देते हुए
भाग गया। कुछ दिनों बाद, जंगल में एक शिकारी
आया। मगरमच्छ उसकी चालाकी समझ गया और
हिरण को चेताया। हिरण बच गया, लेकिन मगरमच्छ शिकारी की चालों में फंस गया।
इसकी चालाकी ने उसे नुकसान पहुंचाया। इसका सिखाया गया सबक है कि कभी-कभी दया और
नेकी ही इंसान को आगे बढ़ने में मदद करती है।- Simran's
9 MAY 2024 AT 11:56