बारिश कि बुँदे खुद चला करती थी कदमों मे ।
बचपन कि चॉकलेट खुद आया करती थी हाथों मे ।
दिखावे ने भीगा दिया किरदारो को
ऐ- जुकाम
तेरे डर से हम भीगा नहीं करते थे,,
कभी बारिशों मे ।।-
28 MAR 2023 AT 11:07
बारिश कि बुँदे खुद चला करती थी कदमों मे ।
बचपन कि चॉकलेट खुद आया करती थी हाथों मे ।
दिखावे ने भीगा दिया किरदारो को
ऐ- जुकाम
तेरे डर से हम भीगा नहीं करते थे,,
कभी बारिशों मे ।।-