#yq

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ए मुसाफिर, 
एक सांझ और ठहर जा।
थांब ले हाथ मेरा,
आ बैठ, कुछ पल फिर बात करे,
आ, इस समय को फिर अंकित करे,
आखिर,
कल का सूरज किसने देखा है?

तुम मेरे, हो इस पल मेरे हो, कल शायद ये आलम ना रहे, कुछ ऐसा हो, तुम तुम ना रहो कुछ ऐसा हो हम हम ना रहें, ये रास्ते अलग हो जाए, चलते चलते, हम कहीं खो जाए।❤️ #yqbaba #yqdidi #yqdada #yqtales #yq

13 MINUTES AGO